भारतीय विश्वविद्यालयों की स्थिति पर जांच-पड़ताल करने के लिए 1902 ई. में नियुक्त आयोग के अध्यक्ष थे?

अ. बैथ्यून

ब. जेम्स थॉमसन

स. डब्ल्यू. डब्ल्यू. हण्टर

द. थॉमस रैले

उत्तर- द

 

  • 1901 ई. में कर्जन ने भारत के उच्चतर शिक्षा एवं विश्वविद्यालय अधिकारियों का एक सम्मेलन शिमला में बुलाया, यह प्रस्ताव शिमला प्रस्ताव के नाम से प्रसिद्ध हुआ।
  • शिमला प्रस्ताव की कड़ी आलोचना की गई जिससे विवश होकर कर्जन ने 1902 में थॉमस रैले की अध्यक्षता में विश्वविद्यालय आयोग की स्थापना की जिसका मुख्य उद्देश्य विश्वविद्यालयी शिक्षा की जांच-पड़ताल कर अपनी रिपोर्ट देना था रैले कमीशन के रिपोर्ट के आधार पर ही भारतीय विश्वविद्यालय अधिनियम 1904 ई. में पारित हुआ।